Posts

Showing posts from 2024

इंतज़ार

कई राह दिखाती है ये ज़िंदगी  हर राह के कई मोड़  होते हैं  जिस मोड़  पर तुम मिल जाओ हमसे  समझ जाना उसी मोड़ पर हम हमेशा करते इंतज़ार होते हैं 

साथ

कई बार सोचा क्यों सोचा था हमने साथ रहना  भावनाओं में कहीं हमने शुरू तो नहीं किया साथ रहना  कई दिन बीत गये सोचा अब तो सब ठीक होगा  मालूम ही नहीं हुआ ग़लतियाँ अभी बाक़ी है और होना  जानता हूँ सब ठीक होगा वक़्त के साथ  पर क्या मैं रहूँगा उस वक़्त उस वक़्त के साथ  बीत रही है ज़िंदगी समय भी बीत रहा है  अब भी बस यही सोच रहा हूँ क्या होगा साथ रहना